शाजापुर। शांति, अमन और भाईचारे का प्रतीक पावन पर्व ईद-उल-फितर आज शाजापुर जिले में बड़े हर्षाेल्लास और अकीदत के साथ मनाया गया। नगर की प्रमुख ईदगाहों और मस्जिदों में हजारों मुस्लिम धर्मावलंबियों ने खुदा की बारगाह में सिर झुकाया और देश की तरक्की व खुशहाली के लिए दुआएं मांगी।
इस अवसर पर नगर में सांप्रदायिक सद्भाव का अनूठा नजारा देखने को मिला, जहाँ आजाद समाज पार्टी के वरिष्ठ नेता राजेश गोयल ने अपनी टीम के साथ नमाजियों का भव्य स्वागत किया।
ईदगाह पर उमड़ा जनसैलाब-
शनिवार सुबह से ही शाजापुर की सड़कों पर उत्सव का माहौल था। नए वस्त्र पहनकर और इत्र महकाते हुए बच्चे, बुजुर्ग और युवा ईदगाह की ओर बढ़ते नजर आए। निर्धारित समय पर ईद की विशेष नमाज अदा की गई। नमाज के पश्चात सभी ने एक-दूसरे को गले लगाकर श्ईद मुबारकश् कहा।
नमाजी ईदगाह से बाहर निकले तो विभिन्न सामाजिक और राजनीतिक संगठनों ने फूलों की वर्षा कर उनका स्वागत किया। आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष राजेश गोयल ने ईदगाह के मुख्य मार्ग पर स्वागत मंच लगाकर गंगा-जमुनी तहजीब की परंपरा को जीवंत किया। श्री गोयल ने नमाज अदा कर लौट रहे मुस्लिम भाइयों को गले लगाकर ईद की बधाई दी और उन पर पुष्प वर्षा की।
प्रशासन और सुरक्षा-
ईद के इस बड़े आयोजन को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह मुस्तैद रही। शहर के प्रमुख चौराहों और ईदगाह के आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया था, ताकि यातायात सुचारू बना रहे और किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
सामाजिक समरसता का संदेश-
आजाद समाज पार्टी के इस स्वागत कार्यक्रम में पार्टी के पदाधिकारी प्रभु मंडोर, अरशद वारसी, इरफान मंसूरी, रज्जाक खान, रामप्रसाद सूर्यवंशी और बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। राजेश गोयल की सक्रियता ने राजनीतिक गलियारों के साथ-साथ आम जनता के बीच भी चर्चा बटोरी। जानकारों का मानना है कि ऐसे कार्यक्रम समाज के विभिन्न वर्गों के बीच दूरियां कम करते हैं और विश्वास व सौहार्द का वातावरण निर्मित करते हैं।