मनासा। देवरी खवासा में गुर्जर परिवार द्वारा आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का आयोजन श्रद्धा और भक्ति के साथ जारी है। कार्यक्रम की शुरुआत 28 मार्च को भव्य कलश यात्रा के साथ हुई, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
कथा का वाचन पंडित मुकेश जी व्यास (नागर पिपलिया वाले )के मुखारविंद से किया जा रहा है, जो अपने मधुर और भावपूर्ण शैली में कथा का रसपान करा रहे हैं।
कथा के तीसरे दिन कई महत्वपूर्ण धार्मिक प्रसंगों का वर्णन किया गया। इसमें कपिल भगवान द्वारा माता देवहूति को दिए गए ज्ञान उपदेश का विस्तार से वर्णन किया गया, जिसमें आत्मज्ञान और मोक्ष का मार्ग बताया गया।
इसके साथ ही ध्रुव महाराज की प्रेरणादायक कथा सुनाई गई, जिसमें बालक ध्रुव के अपमान से लेकर उनकी कठोर तपस्या और भगवान की कृपा से ध्रुव पद प्राप्त करने का वर्णन किया गया।
वहीं प्रह्लाद चरित्र का भी भावपूर्ण वर्णन किया गया, जिसमें हिरण्यकश्यप के अत्याचारों के बावजूद प्रह्लाद की अटूट भक्ति और भगवान के प्रति अडिग विश्वास को दर्शाया गया।
कथा के दौरान श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित होकर भक्ति रस में लीन नजर आए। पूरे वातावरण में धर्म, भक्ति और श्रद्धा का माहौल बना हुआ है।