धार। वसंत पंचमी पर बुधवार को भोजशाला में पूजा-अर्चना का दौर शुरू हो गया। सुबह 7 बजे से ही लोग दर्शन व वंदन करने के लिए पहुंच रहे हैं। सूर्योदय से सूर्यास्त तक बडी संख्या में लोग यहां पर आएंगे, साथ ही मां सरस्वती यज्ञ में भी हिंदू समाज के लोग शामिल हो रहे हैं। महाआरती और यज्ञ की पूर्णाहुति के साथ 4 दिवसीय महाराजा भोज स्मृति वसंतोत्सव के पहले दिन का समापन होगा। वहीं शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए शोभायात्रा भोजशाला पहुंचेगी।
मां सरस्वती मंदिर भोजशाला एवं वाग्देवी की मुक्ति व उसके गौरव की पुनर्स्थापना के लिए महाराजा भोज स्मृति बसंत उत्सव समिति लगातार प्रयत्नशील है। इस मर्तबा नगर गौरव दिवस भी साथ में मनाया जा रहा हैं, ऐसे में समिति के साथ नगर परिषद भी संयुक्त रूप से कई धार्मिक कार्यक्रम आयोजित कर रही है। बुधवार दोपहर शोभायात्रा के पहुंचते ही सबसे पहले धर्मसभा का आयोजन किया गया है। जिसमें मुख्य वक्ता के रुप में जूना अखाड़ा आश्रम नलखेड़ा के स्वामी शैलेशानंद गिरिजी महाराज होंगे। साथ ही सुबह से शाम तक वेदारम्भ संस्कार सरस्वती कंठाभरण मंदिर धार द्वारा किया जा रहा है।
15 फरवरी को मातृशक्ति सम्मेलन का आयोजन होगा। इसमें भोजशाला में महिलाएं पूजन आरती और हवन करेगी। 15 फरवरी को रात 8 बजे नाट्य मंचन होगा इसमें शिवाजी के राज्याभिषेक पर आधारित नाटक का मंचन किया जाएगा। 16 फरवरी शुक्रवार को सुधीर व्यास इंदौर की रात्रि 8 बजे भजन संध्या होगी व 17 फरवरी को परंपरा अनुसार कन्या पूजन अखंड ज्योति मंदिर परिसर मोती बाग चौक में होगा, इसके साथ में चार दिवसीय महाराजा भोज स्मृति बसंत उत्सव का समापन होगा।
भोजशाला के कारण धार अतिसंवेदनशील जिलों की श्रेणी में आता है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पिछले दो सप्ताह से प्रशासन की तैयारी चल रही थी। इंदौर, जावरा, झाबुआ सहित पांच जिलों का पुलिस बल भी कल ही धार आ गया था, ऐसे में कल सुबह 6 बजे से ही शहर के प्रमुख चौराहों पर पुलिसबल तैनात किया गया है। अश्वारोही दल, वाटर कैनन सहित 850 का पुलिस बल भोजशाला सहित शहर के सभी हिस्सों में ड्यूटी कर रहा है। कलेक्टर प्रियंक मिश्रा, एसपी मनोज कुमार सिंह सहित आला अधिकारी लगातार निगरानी कर रहे है।