चित्तौड़गढ़। जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग चित्तौड़गढ़ के अध्यक्ष प्रभूलाल आमेटा व सदस्यगण अरविन्द कुमार भट्ट, राजेश्वरी मीणा ने राजकीय डूंगर महाविद्यालय बीकानेर एवं बाहुबली टीचर्स ट्रेनिंग कॉलेज बड़वई के विरूद्ध दुर्घटना बीमा राशि 2 लाख रुपये मय ब्याज एवं 2500 रुपये परिवाद व्यय व अभिभाषक शुल्क के अदा करने का आदेश दिया।
प्रकरणानुसार सोमनगर निवासी परिवादी सूर्यवीरसिंह पिता खुशमहेन्द्रसिंह राजपूत ने अधिवक्तागण भगवतसिंह गिलुण्डिया, प्रेमसिंह पंवार, कुलदीप सुहालका के जरिये एक परिवाद आयोग में इस आशय का पेश किया कि विपक्षी ने ऑनलाईन बी.एड. ट्रैनिंग की विज्ञप्ति निकाली थी। परिवादी की पत्नी ज्योत्सना ने ऑनलाईन आवेदन भरा जिस पर ट्रैनिंग सेन्टर बड़वई दिया गया। निश्चित फीस जमा करके 120 रूपये दुर्घटना बीमा के जमा किए, जिसके अनुसार पढ़ाई के दौरान दुर्घटना होने पर 2 लाख रूपये देय योग्य थे। फरवरी 2021 में प्रार्थी की पत्नी ज्योत्सना बाहुबली कॉलेज से अध्ययन करके अपने घर आ रही थी कि ट्रक व बस टक्कर की दुर्घटना में प्रार्थी की पत्नी की मृत्यु हो गई। रिपोर्ट थाना सदर में पेश की जाकर चालान पेश किया गया। समस्त दस्तावेज प्रमाण पत्र से विपक्षी कॉलेज में दुर्घटना बीमा राशि प्राप्त करने हेतु आवेदन दिया गया। लम्बे समय तक उक्त कॉलेज द्वारा प्रार्थी को बीमा राशि व क्षतिपूर्ति राशि अदा नहीं की गई। बीमा कंपनी द्वारा जवाब पेश किया गया कि समय पर प्रीमियम राशि प्राप्त नहीं होने से बीमा नहीं किया गया। प्रार्थी की ओर से तर्क दिए गए कि एडमिशन के समय ही दुर्घटना बीमा के 120 रूपये जमा कर लिए थे जिससे बीमा की जिम्मेदारी विपक्षी कॉलेज की होकर दुर्घटना राशि हेतु जिम्मेदार है। आयोग ने परिवादी के तर्कों से सहमत होते हुए उक्त निर्णय दिया।