मनासा। राम स्नेही संप्रदाय के युवा संत चेतन राम जी की प्रेरणा से विगत 61 मंगलवार से अनवरत जारी हनुमान चालीसा का पाठ संगिनी ग्रुप द्वारा सनातन सत्संग मंडल के सानिध्य में 62 वा सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ का विशाल सत्संग कला मंगलवार को राम मंदिर अयोध्या में विशाल धर्म ध्वजा की स्थापना व राम जानकी विवाह तिथि के शुभ व गौरवशाली अवसर मंदसौर रोड स्थित हनुमान मंदिर के प्रांगण में रामतलाई ठंडी ठंडी लहरों के बीच सैकड़ों सनातन भक्ति की महती उपस्थिति में पूरी श्रद्धभक्ति के साथ संपन्न हुआ।
प्रांगण मोहन आओ तो सरी.....जरी की पगड़ी बांधे वो सुंदर आंखों वाला...विजय उपाध्याय। अरुण झंवर ने सब मंगलमय कर देते हे दक्षिण मुख के हनुमान प्रभु.... दशरथ खाटवा ने एक बार तो उठाओ मेरे हनुमान के लिए... ओम सोनी ने राम जी की निकली सवारी राम जी लीला हे न्यारी....मेरी झोपडी के भाग आज खुल जायेगे प्रभु राम राम आयेंगे आयेंगे.... कीर्तन की हे रात बाबा आज थाने आनो हे..दरबार सांवरिया एसो सजो थारो सेवा में थारी मने आज बिछ जानो हे...के सुंदर भजनों से राजकुमार मारू ने आयोजन की सार्थकता पूरी की। भजनों की प्रस्तुति के बाद उपस्थिति सनातन सत्संग मंडल के राजकुमार ने हनुमान चालीसा के सामूहिक पाठ को उपस्थित जनसमुदाय ने अपना स्वर देकर हनुमान जी महाराज की आराधना की।
इस अवसर पर संगिनी ग्रुप की नीलिमा मारू ने सनातन सत्संग मंडल का आभार व्यक्त करते हुवे अपनी बात ऐसे धार्मिक आयोजन अनवरत चलते रहना चाहिए,हनुमान चालीसा सामूहिक पाठ एक ऐसा सनातन धर्म का ऐसा पहला आयोजन हे जिसमें बिना बुलावा के बड़ी संख्या में भक्तजन जिसमें महिला शक्ति बड़ी संख्या में भाग ले रही है।
इस अवसर पर सत्संग मंडल के श्याम समदानी ने उपस्थित भक्तजनों से निवेदन किया की इस सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ से सीख ले की हम अपने घर के आस पास देवालय के दर्शन अवश्य करेंगे। कार्यक्रम के प्रारंभ में हनुमान जी की तस्वीर पर पूजा अर्चना कर सत्संग की शुरूआत की गई। 63 वा सामूहिक हनुमान चालीसा का पाठ नानक शाही इमली चौक परिसर में होगा।