जावरा। राठौर समाज में पहली बार बेटी और नातिनों द्वारा मुखाग्नि देने का उदाहरण जावरा में देखने को मिला। सैलाना निवासी 110 वर्षीय लीला बाई राठौर का आकस्मिक निधन हो गया। उनका अंतिम संस्कार जावरा स्थित आनंदी हनुमान मंदिर परिसर के शांतिवन मुक्तिधाम में किया गया।
स्वर्गीय लीला बाई राठौर, स्व. गिरधारीलाल राठौर (इंदौर) की धर्मपत्नी, स्व. मोहनलाल राठौर (आइसक्रीम वाले) की सास तथा स्व. स्नेहलता राठौर (आगर), रतनबाई राठौर (जावरा) और तेजूबाई (रतलाम) की माताजी थीं। वे राकेश और हेमंत राठौर (आइसक्रीम वाले) की नानी तथा आदित्य, जय और विजय की परनानी थीं।
अंतिम संस्कार के दौरान उनकी बेटियों रतनबाई राठौर (जावरा) और तेजूबाई राठौर (रतलाम) तथा नातिनों नीतू राठौर (उज्जैन), राधा राठौर (मंदसौर), ज्ञान कुवर राठौर (बड़ी सरवन) ने मुखाग्नि दी। नवासा राकेश (जावरा), राजू (रतलाम), हेमंत राठौर (आशीर्वाद आइसक्रीम) सहित परिजन भी उपस्थित रहे। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में समाजजन और गणमान्य नागरिक शामिल हुए और दिवंगत आत्मा को श्रद्धासुमन अर्पित किए।