चित्तौड़गढ़। बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार मामले में शहर एवं ग्रामीण कांग्रेस के तत्वाधान में पूर्व राज्यमंत्री सुरेंद्रसिंह जाड़ावत के नेतृत्व में कांग्रेस पदाधिकारियों ने ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि राष्ट्रपति महोदया बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिन्दू समुदाय पर हो रहे अत्याचार के चलते भारत सरकार द्वारा कड़ा निर्णय लेना अति आवश्यक है। बांग्लादेश में हो रहे हिन्दुओं पर अत्याचार मनुष्य पर पराकाष्ठा को पार कर गये, मानवता को झकझोर देने वाले हैं। बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिन्दु समुदाय पर हो रहे अत्याचार धार्मिक आधार पर हिंसा किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार्य नही है। देश में अत्याचार बढ़ रहे हैं जिसकी सुरक्षा व्यवस्था कमजोर साबित है, ऐसे में भारत सरकार को प्रभावी कदम उठाने चाहिए, अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर अपना पक्ष मजबूत कर साथ रख हिन्दू सुरक्षा को सुनिश्चित करना चाहिए। हाल ही की घटनाओं ने बांग्लादेश के संदर्भ में भारत की कुटनीति अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पकड़ को कमजोर किया है।
प्रवक्ता नवरतन जीनगर ने बताया कि ज्ञापन में कहा कि सन् 1970-71 के दशक में हिन्दुओं पर बहुत अत्याचार हुए थे तब इन्दिरा गांधी ने विश्व के खिलाफ खड़े होकर पाकिस्तान के दो टुकड़े कर विश्व का भूगोल बदल दिया था। एक ऐसा देश जिसकी उत्पति भारत की पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी व भारतीय सेना के दृढ़ संकल्प, मजबूत इरादों के बल पर संभव हो पाई। उस देश की आजादी प्रजातंत्र ) भारत की देन है। इसके बावजूद बांग्लादेश की ये घटनाएँ चिंताजनक है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को इसके लिए आगे आकर एक कड़ा संदेश देना चाहिए। जापान में मांग की कि बांग्लादेश पर भारत सरकार कड़ा निर्णय लें। किंतु प्रधानमंत्री मोदी की चुप्पी से देश हैरान है, भारत की जनता आज इंदिरा जी के दौर को याद कर रही है। आज शेख हसीना का भारत में रहना व बांग्लादेश में हिन्दुओं पर अत्याचार संदेह उत्पन्न करते हैं। भारत सरकार देश में व्याप्त आक्रोश को समझते हुए बांग्लादेश पर कठोर निर्णय लें। पूरा देश व विपक्ष इस मुद्दे पर भारत सरकार से चाहता है कि 1971 जैसे साहस का परिचय दें जिसके लिए पूरा विपक्ष देश के साथ खड़ा रहेगा।
इस अवसर पर वरिष्ठ नेता प्रेम प्रकाश मूंदड़ा, शहर अध्यक्ष अनिल सोनी, ग्रामीण अध्यक्ष विक्रम जाट, प्रदेश सचिव रणजीत लोठ, जिला उपाध्यक्ष गोविंद शर्मा, मंडल अध्यक्ष मोहन सिंह भाटी, प्रशासक रविराज सिंह जाड़ावत, राजदीप सिंह राणावत, ओबीसी प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष गेहरूगिरी गोस्वामी, पार्षद टिंकू धामानी, शंकर सेन, महेश गाडरी, शंभुलाल शर्मा, नारायण धाकड़, भेरू पुरबिया, धर्मेंद्र सहित अन्य कांग्रेस पदाधिकारी कार्यकर्ता मौजूद रहे।