नीमच। कृति संस्था द्वारा आयोजित “मेरा जीवनदृमेरे अनुभव” कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकारों ने अपने अनुभव साझा करते हुए पत्रकारिता की भूमिका और जिम्मेदारियों पर विचार रखे।
पत्रकारिता का सफर और मूल्यों की बात-
पत्रिका के ब्यूरो चीफ मुकेश सहारिया ने अपने जीवन के प्रारंभिक दौर का उल्लेख करते हुए बताया कि उनकी पत्रकारिता की शुरुआत ‘प्रभात किरण’ से हुई। इसके बाद ‘अमृत मंथन’ अखबार में उन्होंने पत्रकारिता की बारीकियां सीखीं। उन्होंने अपने गुरु नवनीत गुर्जर और गुरुदेव बिल्लोरे का विशेष उल्लेख किया।
सहारिया ने बताया कि उन्होंने दैनिक भास्कर में रतलाम और नीमच में ब्यूरो चीफ के रूप में कार्य किया तथा बाद में राज एक्सप्रेस में भी सेवाएं दीं। वर्ष 2011 से वे पत्रिका से जुड़े हुए हैं।
उन्होंने कहा कि पारिवारिक मूल्यों- ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा- का उनके जीवन पर गहरा प्रभाव रहा, जिसके कारण उन्होंने हमेशा निडर और निष्पक्ष पत्रकारिता की। “मैंने कभी ऐसी पत्रकारिता नहीं की जिससे किसी का नुकसान हो,” उन्होंने कहा।
फोटोग्राफी से पत्रकारिता तक का सफर-
इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े पत्रकार कपिल सिंह चौहान ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि उन्होंने अपने करियर की शुरुआत नाटक और फिल्मी फोटोग्राफी से की। मुंबई में उन्होंने प्रसिद्ध सिनेमैटोग्राफर बाबा आजमी के सहायक के रूप में कार्य किया और गायिका आशा भोंसले के साक्षात्कार भी शूट किए।
उन्होंने कहा कि पारिवारिक परिस्थितियों के चलते उन्हें नीमच लौटना पड़ा और उन्होंने पत्रकारिता को अपना माध्यम बनाया। उन्होंने मेडिकल कॉलेज आंदोलन के दौरान अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि जब पत्रकार और आमजन एकजुट हो जाते हैं, तो बड़े से बड़ा कार्य भी संभव हो जाता है।
कार्यक्रम का आयोजन और सहभागिता-
कार्यक्रम की अध्यक्षता राधेश्याम पाटीदार ने की। कृति संस्था के अध्यक्ष ओमप्रकाश चौधरी ने स्वागत भाषण देते हुए बताया कि यह आयोजन नारद जयंती, विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस और हिंदी पत्रकारिता दिवस के अवसर पर किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत सरस्वती पूजन से हुई तथा सरस्वती वंदना श्रीमती पुनीता निगम ने प्रस्तुत की। अतिथियों का स्वागत संस्था के पदाधिकारियों द्वारा स्मृति चिन्ह देकर किया गया।
संचालन व आभार-
कार्यक्रम का संचालन डॉ. अक्षय पुरोहित और श्रीमती सविता चौधरी ने किया, जबकि आभार प्रदर्शन सचिव रघुनंदन पाराशर ने व्यक्त किया। कार्यक्रम में कृति संस्था के सदस्य एवं शहर के अनेक गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।