इंदौर। गुजरात और मुंबई के बड़े कपड़ा कारोबारियों को ठगने वाले गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। क्राइम ब्रांच ने चार आरोपितों को गुजरात से गिरफ्तार किया है। मास्टर माइंड कोचिंग इंस्टिट्यूट संचालक है जो फर्जी फर्म बनाकर लोगों को चपत लगा रहा था।
अपराध शाखा के डीसीपी निमिष अग्रवाल के मुताबिक, आरोपित अरविंद पांडे निवासी ग्रीन पार्क कालोनी हलधरु कामरेज सूरत (गुजरात), लक्ष्मीकांत शुक्ला निवासी रघुकुल नगर नवागम डिंडोली सूरत (गुजरात), देवी प्रसाद उपाध्याय निवासी बालाजी रेसीडेंसी डिंडोली सूरत (गुजरात) और चेतन जैन निवासी सीताश्री रेसीडेंसी एरोड्रम रोड़ इंदौर है। डीसीपी के मुताबिक, मामले में सिमु इंपेक्स प्रा.लि. के डायरेक्टर सुुमीर किनरा और रघुवीर फेब्रिक के शुभम वैद्य, आदित्य सिंथेटिक्स द्वारा शिकायत दर्ज करवाई गई थी।
माल खरीदकर रातोंरात दुकान बंद कर हो गए फरार-
शिकायतकर्ताओं ने पुलिस को बताया कि उनसे डीके ट्रेडिंग कंपनी एवं बालाजी इंटरप्राइजेस के प्रोपराइटर्स ने धोखाधड़ी की है। आरोपितों ने इंदौर के सियागंज में दुकान खोली और गुजरात व मुंबई के व्यापारियों से कपड़ों का व्यापार शुरू किया। शुरुआत में एजेंट के माध्यम से लेनदेन हुआ और साख स्थापित करने के उद्देश्य से वक्त पर रुपये जमा करवाते गए। बाद में लाखों रुपयों का माल खरीदा और रातोंरात दुकाने बंद कर फरार हो गए।