मनासा। क्षेत्र के गांव देवरी खवासा में अनोखे ढंग से मनाया जाता है दीपावली का त्योहार जिसमे गांव के सभी गुर्जर समाज के लोग एक कुंए पर जाकर करते है पूर्वजो का श्राद्ध तो वही दीपावली के दूसरे दिन गांव की समस्त महिलाओं द्वारा एक गाय का विशेष पूजन किया जाता है आज शनिवार को गोवर्धन पूजन के दिन सुबह से ही गांव की महिलाओं ने चारभुजा मंदिर पर एकत्रित होकर सामूहिक रूप से गोवर्धन पूजन किया उसके बाद सभी ने मिलकर एक गाय को मेहंदी लगाकर उसको भोजन करा कर उसकी पूजा की। उसके बाद सभी ने अपने घर पर दिवाली मनाई। सालों से चली आरही इस परंपरा में गांव के नेता समाज के व्यक्ति द्वारा एक बस पर कुछ चमड़ा बांधा जाता है उसी को सूंघती हुई अधिक गायों में से जो गाय उसके पीछे आती है तो उस गाय को गांव के चारभुजा मंदिर पर लाया जाता है। फिर गांव की महिलाओं द्वारा उस गाय को भोजन कराकर उसका पूजन किया जाता है और सामूहिक रुप से गोवर्धन पूजन किया जाता है। साथ ही एक ओर परंपरा है जिसकी जानकारी देते हुए अंबाराम गुर्जर ने बताया कि गांव में किसी के घर गामी या मौत होजाती है तो उसके घर जाकर उस घर वाले को मंदिर बुलाया जाता है और मंदिर के पास ही कुंए पर जाकर दीपावली मिलन समारोह रखा जाता है जिसमे गांव के विकास कार्याे व मंदिर निर्माण के विषय पर चर्चा की जाती है। ये परंपराएं वर्षों से चली आरही है जिसे इस गांव के लोग आज भी चलाते आरहे है।