कुकड़ेश्वर। नगर के सामाजिक, धार्मिक एवं राजनीतिक कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाने वाले, मिलनसार एवं हंसमुख स्वभाव के धनी, जैन समाज के हर कार्य में अग्रणी रहने वाले प्रमोद कामदार का 58 वर्ष की अल्पायु में आकस्मिक निधन हो गया। उनके निधन का समाचार सुनते ही समूचे क्षेत्र एवं समाज में शोक की लहर दौड़ गई।
वे स्वर्गीय विजय सिंह कामदार के सुपुत्र एवं नरेंद्र सिंह कामदार के भतीजे थे। साथ ही, अशोक एवं रविंद्र कामदार के छोटे भाई तथा आदित्य, अक्षत एवं समृद्धि के पिता थे।
उनकी अंतिम यात्रा में सैकड़ों नागरिकों, समाजजनों एवं गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया और श्रद्धांजलि अर्पित की। उनके असमय निधन से नगर ने एक समर्पित समाजसेवी को खो दिया है, जिनकी यादें हमेशा लोगों के दिलों में जीवित रहेंगी। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और शोकाकुल परिवार को यह अपार दुःख सहन करने की शक्ति दें। उपरोक्त जानकारी पत्रकार दशरथ नागदा ने दी।