मनासा। जागृति क्लब के तत्वावधान में ग्राम भाटखेड़ी में आयोजित चार दिवसीय 25वीं अखिल भारतीय कबड्डी प्रतियोगिता का रविवार देर रात भव्य समापन हुआ। फाइनल मुकाबले में डीपीयू पुणे ने आरआरसी भोपाल को बेहद रोमांचक मुकाबले में मात्र एक अंक से पराजित कर खिताब अपने नाम किया। जीत के साथ ही पूरा मैदान तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
फाइनल मुकाबला सामूहिक राष्ट्रगान के बाद प्रारंभ हुआ, जो देर रात लगभग 11 बजे तक चला। प्रतियोगिता के अंतिम दिन क्षेत्रीय विधायक अनिरुद्ध माधव मारू की अध्यक्षता में आयोजित पुरस्कार वितरण समारोह में विजेता एवं उपविजेता टीमों को ट्रॉफी और नकद पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया। साथ ही जागृति क्लब को इस भव्य आयोजन के लिए बधाई दी गई।
प्रथम पुरस्कार एक लाख रुपए स्वर्गीय मदनलाल पुरोहित, स्वर्गीय राजेंद्र पुरोहित, स्वर्गीय भानु प्रताप पुरोहित एवं स्वर्गीय मनीष पुरोहित की स्मृति में मनोज पुरोहित एवं शुभम पुरोहित द्वारा प्रदान किया गया। वहीं द्वितीय पुरस्कार 62 हजार रुपए स्वर्गीय संजय पुरोहित की स्मृति में मोहित एवं रक्षित पुरोहित द्वारा दिया गया।
फाइनल मुकाबले के दौरान हजारों की संख्या में दर्शक, विशेष रूप से महिलाएं, स्टेडियम पहुंचीं। दर्शकों की भारी भीड़ के चलते स्टेडियम खचाखच भरा रहा। ग्राम पंचायत सरपंच मनोज पुरोहित, जागृति क्लब एवं ग्राम की महिलाओं ने क्षेत्रीय विधायक अनिरुद्ध माधव मारू एवं सांसद सुधीर गुप्ता से ग्राम में कबड्डी स्टेडियम निर्माण की मांग रखी।
महिलाओं ने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में पहली बार महिलाएं कबड्डी प्रतियोगिता देखने पहुंचीं, लेकिन बैठने की व्यवस्था के बावजूद जगह कम पड़ गई। उन्होंने भविष्य में और अधिक भव्य आयोजन एवं स्थायी स्टेडियम निर्माण की आवश्यकता जताई।
25 दिसंबर से 28 दिसंबर तक आयोजित इस प्रतियोगिता में हिमाचल प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा, कोलकाता, गाजियाबाद, चंडीगढ़, गुजरात, जयपुर, मेरठ, पंजाब, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, हनुमानगढ़, भोपाल, इंदौर एवं उज्जैन सहित देशभर की नामी टीमों ने भाग लेकर शानदार प्रदर्शन किया।
प्रतियोगिता का सीधा लाइव प्रसारण टीवी एवं यूट्यूब के माध्यम से कुशवाह डिजिटल स्टूडियो की टीम द्वारा किया गया, जिसे लाखों दर्शकों ने घर बैठे देखा। आयोजन को सफल बनाने में ग्राम पंचायत, ग्रामीणजन एवं युवाओं का पूर्ण सहयोग रहा। सहयोग करने वाले युवाओं, अधिकारियों एवं लाइव टीम को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।