गरोठ। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के गौरवशाली 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में ग्राम पावटी चिकनिया में गुरुवार को विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन भव्य एवं अनुशासित वातावरण में संपन्न हुआ। सम्मेलन में बड़ी संख्या में सर्व हिंदू समाज के लोगों की सहभागिता रही।
इस पावन अवसर पर संत श्री रविन्द्रानंद सरस्वती महाराज (पथमैड़ा, गौ अभ्यारण सालरिया, मध्यप्रदेश), साध्वी हेमलता सरकार दीदी (कथावाचक, भारतमाता मंदिर उड़ाना, उज्जैन आश्रम) तथा प्रांत सह व्यवस्था प्रमुख बलवंत सिंह हाड़ा का मार्गदर्शन एवं पाथेय प्राप्त हुआ। वक्ताओं ने सनातन धर्म, संस्कृति, सामाजिक समरसता एवं राष्ट्रबोध पर सारगर्भित विचार रखे।
वक्ताओं ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ सदैव राष्ट्रभक्ति, सेवा और संस्कारों के उत्थान के पथ पर अग्रसर रहा है। समाज को संगठित कर राष्ट्रहित को सर्वाेपरि रखने की संघ की कार्यशैली आज भी प्रेरणास्रोत है।
सम्मेलन में सनातन संस्कृति और सामाजिक एकता को सुदृढ़ करने का संदेश दिया गया। कार्यक्रम के दौरान सनातन धर्म, संस्कृति, एकता और समरसता का विहंगम दृश्य देखने को मिला। उपस्थित जनसमूह का उत्साह, अनुशासन और सकारात्मक ऊर्जा आयोजन की सफलता का प्रमाण रहा।
वक्ताओं ने कहा कि सामूहिक एकजुटता यह सिद्ध करती है कि जब समाज धर्म और संस्कृति के संरक्षण के लिए संगठित होता है, तो सफलता सुनिश्चित होती है। यह आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि आस्था, संस्कार और सनातन संस्कृति को सशक्त करने का संकल्प है।