मनासा। सनातन परिवारों के बीच सामाजिक समरसता, पारिवारिक एकता एवं धार्मिक संस्कारों की जागृति के उद्देश्य से प्रारंभ किया गया सामूहिक श्रीहनुमान चालीसा पाठ अब नगर की धार्मिक परंपरा बन चुका है। इस आयोजन में प्रतिदिन बड़ी संख्या में सनातन परिवार सपरिवार सहभागिता कर रहे हैं।
इसी क्रम में डॉ. आंबेडकर नगर स्थित श्री भीमाशंकर महादेव मंदिर परिसर में 71वां सामूहिक श्रीहनुमान चालीसा पाठ श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। शीतलहर के बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। सत्संग का शुभारंभ मंदिर समिति के बाबूलाल जौनवाल, डॉ. दिलीप टीकाकार, बंटी सराह, अर्पित शर्मा, मुकेश बसेर, महेश बसेर, गौरव बैरागी, जगदीश बोराना एवं रवि योगी द्वारा श्रीहनुमानजी के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया गया।
भजन संध्या में राजकुमार मारु ने हनुमानजी की शक्तियों का स्मरण कराते हुए भजन प्रस्तुत किया। सत्यनारायण सोनी ने कैलाशवासी महादेव की स्तुति की। अर्पित शर्मा ने “घुमा दे मारा बालाजी घम्मर-घम्मर घोटो” भजन से श्रद्धालुओं को भावविभोर कर नृत्य के लिए प्रेरित किया। कमल विजयवर्गीय ने “मारा सांवलिया रा सेठ तू कहां हो गयो लेट” भजन प्रस्तुत किया। गायक अरुण झंवर ने “मेरे बालाजी महाराज, जयकारा गूंजे गली-गली” भजन से वातावरण भक्तिमय बना दिया। ओम सोनी ने “हमारे पास श्रीरघुनाथ तो किस बात की चिंता हमें” भजन से आस्था प्रकट की, वहीं गोपाल राठौर ने “डमरू वाला बाबा चाल्या देखो ब्याह रचाया” भजन के माध्यम से शिव-पार्वती विवाह की सुंदर झांकी प्रस्तुत की।
सनातन सत्संग मंडल ने आयोजन के सफल संचालन हेतु मंदिर समिति एवं समस्त सनातन परिवारों का आभार व्यक्त किया तथा आगामी 72वें सामूहिक श्रीहनुमान चालीसा पाठ में दिनांक 3 फरवरी, समय रात्रि 8 बजे, स्थान श्री महादेव मंदिर, कमला नेहरू नगर पर पधारने का आग्रह किया।